जैकलिन फर्नांडीस की मुश्किलें बढ़ चुकी हैं। 200 करोड़ रुपये के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में एक नया अपडेट सामने आया है। दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने अब इस केस में बड़ा आदेश दिया है। शनिवार यानी आज 30 मई को अदालत ने महाठग सुकेश चंद्रशेखर, जैकलीन फर्नांडीज, लीना मारिया पॉल समेत बाकी आरोपियों के खिलाफ आरोप तय करने का निर्देश जारी किया है। अदालत ने 200 करोड़ रुपये के इस मनी लॉन्ड्रिंग मामले के अलावा महाराष्ट्र अपराध नियंत्रण अधिनियम (मकोका) के तहत भी सुकेश, लीना और चार बाकी लोगों के खिलाफ आरोप तय करने का आदेश दिया।
पटियाला हाउस कोर्ट ने दिया आदेश
कहा जा रहा है कि अब अदालत ने आरोपपत्रों पर औपचारिक हस्ताक्षर के लिए मामले की सुनवाई अगले महीने यानी 3 जून को सूचीबद्ध की है। आपको बता दें, सुकेश चंद्रशेखर पर पूर्व रैनबैक्सी प्रमोटर शिविंदर सिंह और मालविंदर सिंह की पत्नियों समेत हाई-प्रोफाइल व्यक्तियों को निशाना बनाकर बड़े पैमाने पर जबरन वसूली करने वाले रैकेट में शामिल होने का आरोप था। जांचकर्ताओं के मुताबिक, इन लोगों ने कथित तौर पर लगभग 200 करोड़ रुपये की हेराफेरी की है।
क्या है मामला?
दिल्ली पुलिस ने एक शिकायत के आधार पर मामला दर्ज किया और बाद में संदिग्ध अपराधों और उनसे जुड़े लिंक्स की जांच शुरू की। मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ईडी की चार्जशीट में एक्ट्रेस जैकलीन फर्नांडीज को भी आरोपी के रूप में दिखाया गया है। ईडी का आरोप है कि जैकलीन फर्नांडीज ने सुकेश चंद्रशेखर से करीब 7 करोड़ रुपये के गिफ्ट्स लिए थे। साथ ही ये भी कहा गया कि ये सब गिफ्ट्स अपराध की कमाई से दिए गए हैं।
3 जून को होगी सुनवाई
ईडी ने यह भी कहा है कि सुकेश चंद्रशेखर को महंगे गिफ्ट्स की की डिलीवरी में पिंकी ईरानी ने मदद की थी। हालांकि, जैकलीन फर्नांडीज शुरू से ही यही कह रही हैं कि उन्हें किसी भी आपराधिक गतिविधि या गिफ्ट्स के पीछे इस्तेमाल किए गए पैसों के सोर्स के बारे में कोई जानकारी नहीं थी। इससे पहले एक्ट्रेस ने इस मामले में अदालतों का रुख किया था, लेकिन ने उन पर आरोप लगाया कि वो जांच में पूरी तरह से सहयोग नहीं कर रहीं। वहीं, अब अदालत के निर्देश के बाद मुकदमे की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। 3 जून को सुनवाई में सभी आरोपियों के खिलाफ आरोपों पर हस्ताक्षर किए जाएंगे।