नेपाल के पहाड़ी इलाकों में लगातार हो रही बारिश का असर अब बिहार में भी दिखाई देने लगा है। बारिश के कारण कोसी नदी के जलस्तर में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है, जिससे कोसी तटबंध के भीतर बसे हजारों लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। बढ़ते जलस्तर को देखते हुए लोग सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन करने लगे हैं।
कोसी बराज से मंगलवार को 1 लाख 76 हजार 855 क्यूसेक पानी का डिस्चार्ज दर्ज किया गया। जल प्रवाह बढ़ने से तटबंध के अंदर स्थित गांवों में पानी का दबाव लगातार बढ़ रहा है। प्रशासन भी हालात पर नजर बनाए हुए है।
किशनपुर प्रखंड के बेला गोठ गांव में बाढ़ का खतरा गहराने लगा है। तटबंध के भीतर बसे बेला गोठ समेत आसपास के कई गांवों के लोग अपने घरों का सामान समेटकर सुरक्षित और ऊंचे स्थानों की ओर जाने लगे हैं। ग्रामीणों में बाढ़ को लेकर भय का माहौल है।
सबसे अधिक परेशानी उन परिवारों को हो रही है जिनके घरों के पास कोसी नदी का कटाव तेज हो गया है। कई लोग अपने घरों को जल्दबाजी में खाली कर नाव के सहारे सुरक्षित स्थानों पर पहुंचने को मजबूर हैं। कटाव के कारण लोगों की वर्षों की मेहनत से बने आशियाने नदी में समाने लगे हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, आने वाले दिनों में कोसी नदी का जलस्तर और बढ़ सकता है। इस आशंका को लेकर तटबंध के भीतर रहने वाले लोगों में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से राहत एवं बचाव कार्य तेज करने और प्रभावित परिवारों के लिए सुरक्षित ठिकाने की व्यवस्था करने की मांग की है।