उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले 17 वरिष्ठ IAS अधिकारियों का बड़े स्तर पर ट्रांसफर किए गए हैं। मुरादाबाद और अलीगढ़ को नए मंडलायुक्त मिले हैं। वहीं आयुष, राजस्व परिषद, नगर विकास और जल निगम समेत कई अहम विभागों में भी जिम्मेदारियां में बदलाव किए गए हैं। सबसे बड़ा बदलाव मंडलायुक्त डिवीजन में किया गया है। अलीगढ़ की मंडलायुक्त रह चुकीं संगीता सिंह को उस स्तर से हटाकर अब मुरादाबाद मंडल की कमान सौंप दी गई है। अभी तक मुरादाबाद का मंडलायुक्त पद खाली था क्योंकि वहां तैनात सिक्किम कैडर के अधिकारी आंजनेय कुमार सिंह का कार्यकाल 14 अगस्त को खत्म हो गया और उन्हें उनके मूल कैडर सिक्किम वापस भेज दिया गया। वहीं, संगीता सिंह की जगह अलीगढ का नया मंडलायुक्त, प्रयागराज के राजस्व परिषद् सदस्य ओम प्रकाश को सौंपा गया है। 

आयुष विभाग और राजस्व परिषद में किए गए बदलाव

ये अदला-बदली का सिलसिला आयुष विभाग तक भी जा पहुंचा। गौरी शंकर प्रियदर्शी को अब आयुष विभाग में डाइरेक्टर जनरल और राष्ट्रीय आयुष मिशन के मिशन निर्देशक की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं, पहले आयुष विभाग में तैनात रह चुकीं चैत्रा वी. को अब लखनऊ स्थित राजस्व परिषद में सदस्य बनाया गया है।

नगर विकास जैसे विभागों पर पड़ा असर 

ट्रांसफर की लिस्ट में नगर विकास, जल निगम और अमृत योजना से जुड़े पदों पर भी बदलाव देखने को मिला है। यानी सरकार सिर्फ मंडल स्तर तक सीमित नहीं रही और बाकी कई प्रमुख विभागों में भी जिम्मेदारियां नई तरह से बांटी गई हैं।

क्या ये है चुनाव से पहले की तैयारी?

चुनाव से ठीक पहले इतना बड़ा फैसला लेना लोगों के बीच में चर्चा का विषय बन गया है क्योंकि इतने बड़े अफसरों के स्तर में अदला-बदली, योजनाओं को लागू करने पर भी असर डाल सकती है। हालांकि, सरकार ने इस कदम को चुनावी रणनीति से जोड़ने की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है, इसलिए इसे एडमिनिस्ट्रेटिव बदलाब ही बोला जा रहा है।  

अगला कदम क्या रहेगा?

नए स्तरों की तैनाती के बाद इससे जुड़े विभागों में काम-काज की रफ्तार पर असर पड़ना तो तय है। सूत्रों के मुताबिक, आने वाले दिनों में बाकी विभागों और पुलिस अधिकारियों के ट्रांसफर की भी उम्मीद की जा रही है।